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यदि फेसबुक कहता है कि वह आपके वॉट्सऐप मैसेज नहीं देखता तो यह सफेद झूठ हैं‚ समझिए कैसेॽ

फेसबुक कहता है कि वह आपके वॉट्सऐप मैसेज नहीं देखता तो यह सफेद झूठ
image creidt | macobserver

                               

अगर फेसबुक ये कह रहा है कि वो आपके व्हाट्सएप संदेशों को नहीं देखता और पढ़ता है, तो यह एक सफेद झूठ है। असल में वो ‘गलत’ कंटेंट पर नज़र रखने के लिए ऐसा करता ही है और उसने दुनियाभर में 1,000 से अधिक कॉन्ट्रेक्ट कर्मचारियों को काम पर रखा है। 

यह दावा खोजी पत्रकारिता के लिए पुलित्जर पुरस्कार जीत चुकी गैर-लाभकारी न्यूज़ रूम प्रोपब्लिका द्वारा किया गया है, उनके दावे को पेटीएम के संस्थापक विजय शेखर शर्मा ने रीट्वीट किया है।

Imagine !!!!
🤯🤯🤯🤯 https://t.co/NJPv4qP4HA

— Vijay Shekhar Sharma (@vijayshekhar) September 7, 2021

विशेष सॉफ्टवेयर के जरिए AI स्क्रीनिंग और पर्सनल मैसेज देखते हैं

ProPublica के अनुसार, Facebook (WhatsApp की मूल कंपनी) के ये कर्मचारी, जो हम सभी के WhatsApp संदेशों की निगरानी करते हैं, ये कर्मचारी ऑस्टिन, टेक्सास, डबलिन और सिंगापुर कार्यालयों से काम करते हैं। 

ये प्रोफेशनल एफबी के स्पेशल सॉफ्टवेयर की मदद से हर दिन लाखों यूजर्स का कंटेंट यानी पर्सनल मैसेज, फोटो और वीडियो देखते हैं और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सिस्टम के माध्यम से उनकी स्क्रीनिंग करते हैं।

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चाइल्ड पोर्न या आतंकी साजिश से जुड़े कंटेंट पर एक मिनट में रिजल्ट

ये वह कंटेंट होते हैं जिसे व्हाट्सएप यूजर्स गलत बताकर रिपोर्ट करते हैं। ये कॉन्ट्रेक्टर्स एक मिनट से भी कम समय में निर्णय लेते हैं कि धोखाधड़ी, स्पैम, चाइल्ड पोर्न या आतंकवादी साजिश के उनकी ऑन-स्क्रीन रिपोर्ट क्या हैं। यह सबकुछ फेसबुक के सर्वेसर्वा बॉस मार्क जुकरबर्ग के उस बयान का पूरी तरह से खंडन करता है, जो 2018 में अमेरिकी सीनेट में किया गया था। 

उन्होंने वहां कहा था कि कंपनी व्हाट्सएप पर कोई कंटेंट नहीं देखती है क्योंकि यह एंड-टू-एंड सिक्योर है यानी एक बार भेज देने के बाद बीच में कोई भी कंटेंट नहीं देख सकता है।

WhatsApp का गलत इस्तेमाल करने वालों की पहचान करने के लिए मैसेज देखे जाते हैं

WhatsApp का गलत इस्तेमाल करने वालों की पहचान करने के लिए मैसेज देखे जाते हैं

जुकरबर्ग इस पर सफाई देते हैं कि व्हाट्सएप मैसेज इतने सिक्योर होते हैं कि कंपनी उन्हें देख भी नहीं सकती। उन्होंने फेसबुक के 2019 के प्राइवेसी फोकस्ड विजन में कहा था कि वह व्हाट्सएप के सिग्नेचर फीचर को इंस्टाग्राम और फेसबुक मैसेंजर पर लागू करना चाहते हैं। 

व्हाट्सएप के कम्युनिकेशन डायरेक्टर कार्ल वूग कहते हैं कि कॉन्ट्रेक्टर की टीम व्हाट्सएप के मैसेजेस को देखती है ताकि उन शातिर लोगों की पहचान की जा सके जो इसके प्रोडक्ट / सर्विस का गलत इस्तेमाल अपने फायदे के लिए करते हैं।

Facebook Company Reviews Millions Of User Content Daily | More Than 1,000 Contract Reviewers Worldwide | Facebook | WhatsApp |  AI | 

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