Deja Vu explained – precognition : कभी आपको किसी जगह या इंसान को देखकर अजीब-सा अहसास हुआ है, जैसे आप पहले यहां आ चुके हों या कुछ बुरा होने वाला है? साइंस में इसे precognition कहा जाता है – यानी किसी घटना के घटित होने से पहले उसे महसूस करने या जानने की क्षमता।
9/11 हमलों के बाद Nostradamus का नाम चर्चा में आया, जिन्हें कुछ लोग इस त्रासदी की भविष्यवाणी करने वाला मानते हैं। इसी तरह Bulgarian रहस्यवादी Baba Vanga के बारे में कहा जाता है कि उन्होंने Chernobyl disaster, World War II, Princess Diana की मौत और 2004 tsunami जैसी घटनाएं पहले से देखी थीं। जापान की मंगा कलाकार Ryo Tatsuki ने भी reportedly 2011 के Japan Earthquake और Tsunami का सपना सालों पहले देखा था।
Precognition क्या है?
Cognitive neuroscientist Julia Mossbridge ने इस विषय में रिसर्च तब शुरू की, जब बचपन में उन्हें अचानक अहसास हुआ कि उनके पिता को आखिरी बार देख रही हैं – और उसी दिन उनका विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। Mossbridge के अनुसार, इंसान समय को हमेशा आगे बढ़ने वाली सीधी रेखा के रूप में देखता है, लेकिन कुछ वैज्ञानिक मानते हैं कि हम समय को पूरी तरह समझ नहीं पाए हैं।
समय शायद वैसा नहीं जैसा हम सोचते हैं
Parapsychologist Dean Radin का मानना है कि मानव चेतना (human consciousness) समय से परे जा सकती है। Quantum mechanics में समय का व्यवहार सामान्य अनुभव से बिल्कुल अलग होता है।
Mossbridge और Radin ने एक प्रयोग में लोगों को EEG मशीन से जोड़ा और रैंडम इमेज दिखाई। उन्होंने पाया कि नकारात्मक इमेज आने से पहले ही दिमाग की गतिविधि बढ़ जाती है, यानी लोग अनजाने में आने वाली घटना को महसूस कर लेते हैं।
भविष्य की ‘यादें’ और Quantum Entanglement
Radin quantum entanglement को precognition से जोड़ते हैं। उनका कहना है कि शायद हमारा दिमाग अपने ही भविष्य के साथ “entangled” होता है, जिससे हमें उन घटनाओं की याद आती है जो अभी घटी ही नहीं हैं।
उनके अनुसार, यही मैकेनिज्म déjà vu और अचानक आने वाले gut feeling को भी समझा सकता है। इस थ्योरी के मुताबिक, ये अनुभव सिर्फ कल्पना नहीं बल्कि हमारे मस्तिष्क की भविष्य से मिलने वाली सिग्नल हो सकते हैं।
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वैज्ञानिक समुदाय की सोच
हालांकि precognition और déjà vu पर वैज्ञानिक प्रमाण सीमित हैं, लेकिन इन पर हो रही रिसर्च इंसानी दिमाग और समय की समझ को चुनौती देती है। कुछ वैज्ञानिक इसे सिर्फ दिमाग की मेमोरी प्रोसेसिंग का भ्रम मानते हैं, जबकि अन्य मानते हैं कि यह हमारे consciousness और universe के बीच गहरे कनेक्शन की झलक है।
इंटरएक्टिव सेक्शन – Precognition Test at Home
घर बैठे Precognition टेस्ट करें
अगर आप जानना चाहते हैं कि क्या आपके अंदर भविष्य देखने की क्षमता है, तो यह सिंपल एक्टिविटी आज़मा सकते हैं।
शांत माहौल चुनें – किसी आरामदायक और शांत जगह पर बैठें।
टाइम प्रेडिक्शन – आंखें बंद करें और अगले 5 मिनट में फोन या दरवाजे पर किसी नोटिफिकेशन/आवाज़ के आने की कल्पना करें।
रैंडम इमेज गेम – एक दोस्त को कहें कि वह आपको अचानक 10 में से कोई भी इमेज दिखाए, और आप पहले से अंदाज़ा लगाएं कौन सी होगी।
रिजल्ट रिकॉर्ड करें – अपने सही अनुमान नोट करें और देखें कि आपकी प्रेडिक्शन कितनी बार सही होती है।
नोट: यह सिर्फ मज़ेदार एक्टिविटी है, इसे वैज्ञानिक प्रमाण न मानें।
credit image : freepik
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